भारतीय राजनीति से एक बड़ी खबर सामने आई है। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और INDIA गठबंधन के 12 अन्य नेताओं द्वारा दायर एक याचिका पर सुप्रीम कोर्ट आज सुनवाई कर सकता है। इस याचिका में भारत निर्वाचन आयोग (ECI) द्वारा वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) से जुड़े फैसलों को चुनौती दी गई है। इस याचिका का शीर्षक राहुल गांधी बनाम ECI है। इस पर मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्य कांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची की पीठ द्वारा सुनवाई किए जाने की उम्मीद है।
याचिकाकर्ताओं में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी, ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (MAITC) के सौगत रॉय, समाजवादी पार्टी (SP) के अखिलेश यादव, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के तेजस्वी यादव और शिवसेना-उद्धव बाळासाहेब ठाकरे (UBT) के संजय राउत शामिल हैं।
इनके अलावा कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया-मार्क्सवादी (CPI-M) के एम. ए. बेबी, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (CPI) के डी. राजा, झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) की महुआ माजी, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी-शरदचंद्र पवार (NCP-SP) की सुप्रिया सुळे, इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) के ई. टी. मोहम्मद बशीर, विदुथलाई चिरुथैगल काची (VCK) के थोल. थिरुमावलवन और जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस (JKNC) के सज्जाद अहमद किचलू भी याचिकाकर्ताओं में शामिल हैं।
याचिका पर सुनवाई को लेकर CPI(M) सांसद जॉन ब्रिटास ने कहा कि हमें उम्मीद है कि सुप्रीम कोर्ट से हमारे पक्ष में फैसला आएगा। मैंने CJI को पत्र लिखकर उन भयावह घटनाओं के बारे में बताया है जिनका मुझे सामना करना पड़ा। दिल्ली पुलिस ने मुझे गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में लिया, घसीटते हुए गाड़ी में डाला और CRPF ने भी मुझे परेशान किया।
मैंने CJI को पत्र लिखकर इन सभी घटनाओं का जिक्र किया था और मैं सुप्रीम कोर्ट का आभारी हूं कि उन्होंने उस पत्र को एक अंतरिम याचिका में बदल दिया है। उन्होंने इसे INDIA गठबंधन के सहयोगियों की याचिका के साथ जोड़ दिया है। हमें उम्मीद है कि हम कानूनी और राजनीतिक, दोनों मोर्चों पर एक साथ आगे बढ़ सकेंगे।