एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक अपनी भूख हड़ताल तोड़ चुके हैं, लेकिन कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) अब भी अपना प्रदर्शन तोड़ने के मूड में दिखाई नहीं दे रही है। CJP फाउंडर अभिजीत दिपके ने आज सभी प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमें बहुत खुशी है कि सोनम सर ने अपनी भूख हड़ताल खत्म कर दी है। वे 26 दिनों से ज्यादा समय से अनशन पर थे और उन्होंने छात्रों की भलाई के लिए हड़ताल खत्म करने का फैसला किया। वे नहीं चाहते थे कि किसी भी छात्र के खिलाफ कोई केस दर्ज हो और यही उनकी शर्त थी।
हम सच में सोनम सर का शुक्रिया अदा करना चाहते हैं। अपनी जान जोखिम में डालकर उन्होंने पूरे देश के लोगों को जगाया। अभिजीत ने आगे कहा कि सोनम सर ने इस देश और इसकी आने वाली पीढ़ियों के लिए जो किया है, उसे इतिहास में हमेशा याद रखा जाएगा। पूरे देश में जागरूकता फैलाने के लिए यह कदम उठाने पर हम उनका धन्यवाद करते हैं। इससे बहुत बड़ा फर्क पड़ा है और उनकी कोशिशों की वजह से पूरे भारत में इतना बड़ा आंदोलन खड़ा हुआ है।
अब हमारा विरोध जारी रहेगा क्योंकि यह आंदोलन एक देशव्यापी अभियान बन चुका है। देश के युवाओं की मांग बहुत सीधी और साफ है। सिर्फ एक ही मांग है, धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए। जंतर-मंतर पर विरोध तब तक जारी रहेगा जब तक धर्मेंद्र प्रधान पद नहीं छोड़ देते। अगर भाजपा या सरकार इस मुद्दे को सुलझाना चाहती है, तो सिर्फ एक ही समाधान है। धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना ही होगा। वहीं CJP आज देशव्यापी आंदोलन की घोषणा भी कर चुकी है।
इस बीच, विपक्ष धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़ा हुआ है। इस मुद्दे पर लोकसभा और राज्यसभा दोनों में हंगामा जारी है, जिससे दोनों सदनों की कार्यवाही में काफी बाधा आ रही है। फिलहाल, लोकसभा की कार्यवाही 27 जुलाई को सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है।