पूरा देश मना रहा है दीपावली का पावन पर्व, जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त

इस साल अमावस्या तिथि 8 नवंबर की सुबह 11 बजकर 27 मिनट से शुरू हो रही है और यह अगले दिन यानी 9 नवंबर को दोपहर 12 बजकर 31 मिनट तक रहेगी। प्रदोष काल शाम 5 बजकर 31 मिनट से रात 8 बजकर 09 मिनट तक रहेगा। 9 नवंबर की शाम तक अमावस्या खत्म हो जाएगी, इसलिए उस दिन दीपावली की पूजा नहीं की जाएगी। दीपावली को बुराई पर अच्छाई और अंधेरे पर रोशनी की जीत का प्रतीक माना जाता है।

पूरा देश मना रहा है दीपावली का पावन पर्व, जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त

इस दिन भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की एक साथ पूजा की जाती है।

Share:

Highlights

  • लक्ष्मी पूजा के लिए सबसे अच्छा समय शाम 06.27 बजे से रात 08.27 बजे तक रहेगा।
  • प्रदोष काल का मुहूर्त शाम 05.31 बजे से रात 08.09 बजे तक रहेगा।
  • वृषभ लग्न (स्थिर लग्न) के दौरान शुभ मुहूर्त शाम 05.55 बजे से शाम 07.51 बजे तक रहेगा।

पूरा देश हमारे सबसे बड़े पर्वों में से एक दीपावली को पूरी धूमधाम और उल्लास के साथ मना रहा है। हालांकि, इस बार तारीख को लेकर लोगों के बीच असमंजस की स्थिति थी कि दीपावली 8 नवंबर को मनाई जाए या 9 नवंबर को। लेकिन ज्योतिषियों और पंचांग की गणना के अनुसार, दीपावली और लक्ष्मीपूजन 8 नवंबर को ही किया जाएगा। दीपावली कार्तिक महीने की अमावस्या की रात को मनाई जाती है। 

इस साल अमावस्या तिथि 8 नवंबर की सुबह 11 बजकर 27 मिनट से शुरू हो रही है और यह अगले दिन यानी 9 नवंबर को दोपहर 12 बजकर 31 मिनट तक रहेगी। प्रदोष काल शाम 5 बजकर 31 मिनट से रात 8 बजकर 09 मिनट तक रहेगा। 9 नवंबर की शाम तक अमावस्या खत्म हो जाएगी, इसलिए उस दिन दीपावली की पूजा नहीं की जाएगी। दीपावली को बुराई पर अच्छाई और अंधेरे पर रोशनी की जीत का प्रतीक माना जाता है। इस दिन भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की एक साथ पूजा की जाती है। 

भगवान गणेश हमें अच्छी बुद्धि देते हैं और जीवन की सभी रुकावटों को दूर करते हैं, वहीं मां लक्ष्मी घर में सुख, शांति, धन और वैभव लेकर आती हैं। दिवाली के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करना चाहिए और पूरे घर की अच्छे से साफ-सफाई करनी चाहिए। माना जाता है कि मां लक्ष्मी उसी घर में आती हैं जहां साफ-सफाई और सकारात्मक माहौल होता है। शाम के शुभ मुहूर्त में एक साफ चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की मूर्ति या तस्वीर स्थापित करें।

पूजा में फूल, मिठाई, फल, खील-बताशे और कुमकुम का इस्तेमाल करें। इसके बाद घर के मुख्य दरवाजे, बालकनी और खिड़कियों पर दीये जलाएं और रंगोली बनाकर घर को सजाएं। 8 नवंबर का दिन खुशियों और सकारात्मकता से भरा रहने वाला है। बस शुभ मुहूर्त का ध्यान रखें, दीये जलाएं और सच्चे मन से मां लक्ष्मी की आराधना करें।

लक्ष्मी पूजा का सबसे उत्तम समय: शाम 06.27 बजे से रात 08.27 बजे तक।

प्रदोष काल मुहूर्त: शाम 05.31 बजे से रात 08.09 बजे तक।

वृषभ काल (स्थिर लग्न): शाम 05.55 बजे से रात 07.51 बजे तक।

रिलेटेड टॉपिक्स