कॉकरोच जनता पार्टी ने इंस्टाग्राम पर मचाया तहलका, फॉलोअर्स में भाजपा को भी छोड़ा पीछे

कॉकरोच जनता पार्टी को कई चर्चित चेहरों ने अपना समर्थन दिया है या वो स्वयं भी इससे जुड़ गए हैं। खबरों की मानें तो, इनमें तृणमूल कांग्रेस के सांसद महुआ मोइत्रा और कीर्ति आजाद, वकील प्रशांत भूषण, अनुराग कश्यप, दीया मिर्जा, कोंकणा सेन शर्मा और कुणाल कामरा जैसे नाम शामिल बताए जा रहे हैं।

कॉकरोच जनता पार्टी ने इंस्टाग्राम पर मचाया तहलका, फॉलोअर्स में भाजपा को भी छोड़ा पीछे

कॉकरोच जनता पार्टी की एक व्यंग्य मंच के तौर पर शुरूआत की गई है।

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Highlights

  • इंस्टाग्राम पर अब तक CJP के 13.6 मिलियन फॉलोअर्स हो चुके है, वहीं भाजपा के 8.8 मिलियन फॉलोअर्स है
  • इसकी शुरूआत अभिजीत दिपके द्वारा की गई, जो अतीत में AAP की सोशल मीडिया टीम के साथ काम कर चुके है
  • CJP खुद को युवाओं के लिए एक राजनीतिक मोर्चा बताती है, जो सेक्युलर, सोशलिस्ट, डेमोक्रेटिक और आलसी है

सोशल मीडिया पर इन दिनों कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) नाम के एक अकाउंट ने तहलका मचा रखा है। इस अकाउंट ने इतनी लोकप्रियता हासिल कर ली कि इसने भारत के सबसे बड़े राजनीतिक दल, भारतीय जनता पार्टी (BJP) को भी इंस्टाग्राम फॉलोअर्स के मामले में पीछे छोड़ दिया। इंस्टाग्राम पर अब तक CJP के 13.6 मिलियन फॉलोअर्स हो चुके हैं, वहीं BJP के 8.8 मिलियन फॉलोअर्स हैं। हालांकि इस पूरे घटनाक्रम में एक नया मोड़ आया, जब CJP के मुख्य X अकाउंट पर भारत में रोक लगा दी गई। इस पार्टी की शुरूआत कुछ दिन पहले 16 मई को हुई थी। CJP की शुरूआत अभिजीत दिपके द्वारा की गई है, जो अतीत में आम आदमी पार्टी (AAP) की सोशल मीडिया टीम के साथ वॉलंटियर के तौर पर काम कर चुके हैं।

जानकारी के मुताबिक, जब AAP ने 2020 का विधानसभा चुनाव जीता, उस दौरान अभिजीत ने युवाओं तक पहुँच बनाने और राजनीतिक संदेश देने के उद्देश्य से मीम-आधारित डिजिटल कैंपेनिंग पर काम किया था। अभिजीत पुणे से पत्रकारिता में बैचलर्स और बॉस्टन यूनिवर्सिटी से पब्लिक रिलेशन्स में मास्टर ऑफ साइंस (MSc) की डिग्री हासिल कर चुके हैं। कुछ समय पूर्व भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत ने एक टिप्पणी की थी कि, "कुछ युवा कॉकरोच की तरह होते हैं, जिन्हें न तो कोई रोजगार मिलता है और न ही किसी पेशे में कोई जगह। उनमें से कुछ मीडिया में चले जाते हैं, कुछ सोशल मीडिया पर, कुछ RTI एक्टिविस्ट बन जाते हैं और वे हर किसी पर हमला करना शुरू कर देते हैं।" हालांकि उन्होंने बाद में अपनी टिप्पणी पर स्पष्टीकरण भी दिया था।

बस इसी टिप्पणी के जवाब में CJP की एक व्यंग्य मंच (Satirical Platform) के तौर पर शुरूआत की गई। CJP की विचारधारा और सिद्धांत भी बड़े ही विचित्र हैं। CJP खुद को युवाओं का, युवाओं द्वारा और युवाओं के लिए एक राजनीतिक मोर्चा बताती है, जो सेक्युलर, सोशलिस्ट, डेमोक्रेटिक और आलसी है। CJP ने अपना 5-पॉइंट मेनिफेस्टो भी जारी किया है। इसमें कहा गया है कि किसी भी CJI को रिटायरमेंट के बाद इनाम के तौर पर राज्यसभा की सीट नहीं दी जाएगी। अंबानी और अडानी के स्वामित्व वाले सभी मीडिया संस्थानों के लाइसेंस रद्द कर दिए जाएँगे, ताकि  स्वतंत्र मीडिया के लिए जगह बन सके। गोदी मीडिया के एंकरों के बैंक खातों की जाँच की जाएगी।

इतना ही नहीं, पार्लियामेंट की सदस्य संख्या बढ़ाए बिना महिलाओं को 50% आरक्षण प्राप्त होगा। सभी कैबिनेट पदों में से 50% पद महिलाओं के लिए आरक्षित होंगे। यदि कोई भी लीगल वोट हटा दिया जाता है, चाहे वह CJP-शासित राज्य में हो या विपक्ष-शासित राज्य में, तो मुख्य चुनाव आयुक्त​ को UAPA के तहत गिरफ्तार किया जाएगा। कोई भी MLA या MP जो एक पार्टी छोड़कर दूसरी पार्टी में जाता है, उसे 20 साल की अवधि के लिए चुनाव लड़ने से और कोई भी सार्वजनिक पद धारण करने से प्रतिबंधित कर दिया जाएगा।​

CJP में शामिल होने के लिए जो योग्यताएं होना चाहिए, वो भी बहुत ही हास्यास्पद है। इसमें शामिल होने के लिए एक व्यक्ति का बेरोजगार होना जरूरी है। साथ ही शारीरिक रूप से आलसी होना अनिवार्य है, दिमाग भले ही लगातार चलता रहे। इसके अलावा दिन में कम से कम 11 घंटे ऑनलाइन होना जरूरी है, जिसमें बाथरूम ब्रेक भी शामिल है। इतना ही नहीं, CJP जॉइन करने वाले व्यक्ति को पेशेवर तरीके से भड़ास निकालते आना चाहिए। कॉकरोच जनता पार्टी को कई चर्चित चेहरों ने अपना समर्थन दिया है या वो स्वयं भी इससे जुड़ गए हैं।

खबरों की मानें तो, इनमें तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद महुआ मोइत्रा और कीर्ति आजाद, वकील प्रशांत भूषण, अनुराग कश्यप, दीया मिर्जा, कोंकणा सेन शर्मा और कुणाल कामरा जैसे नाम शामिल बताए जा रहे हैं। समाजवादी पार्टी (SP) के मुखिया और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी X पर एक पोस्ट किया, जिसमें उन्होंने "BJP बनाम CJP" लिखा। इस पोस्ट के बाद उन्हें रिप्लाई में तरह-तरह के कमेंट्स मिल रहे हैं। CJP को लेकर लोगों की भी अलग-अलग राय सामने आई है। कोई इसका समर्थन कर रहा है, तो कही पर इसका विरोध भी सामने आ रहा है।

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