पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की फलता (Falta) विधानसभा सीट पर, आज फिर से मतदान (Re-polling) हो रहा है। पिछली बार की गड़बड़ियों से सबक लेते हुए इस बार सुरक्षा व्यवस्था दोगुनी कर दी गई है। एक स्थानीय अधिकारी का कहना है कि इस बार चुनाव में किसी भी प्रकार की गड़बड़ की कोई गुंजाइश नहीं छोड़ना चाहता है। जानकारी के मुताबिक, फलता विधानसभा सीट पर 285 पोलिंग बूथ्स हैं और हर पोलिंग बूथ पर 8 सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्सेज (CAPF) के जवानों की तैनाती की गई है। अप्रैल में हुए मतदान के समय, हर पोलिंग बूथ पर केवल 4 जवानों की तैनाती की गई थी।
सुरक्षा के व्यापक इंतजाम
ताजा खबरों के अनुसार, फलता में हो रहे पुनर्मतदान में सुबह 11 बजे तक, 42.83% वोटर टर्नआउट दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने कड़ी निगरानी सुनिश्चित करने के लिए हर बूथ के अंदर दो और बाहर एक कैमरा लगाया है। इसके अलावा किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए 30 क्विक रिस्पॉंस टीमों (QRTs) को भी अलर्ट पर रखा गया है।
स्थानीय वोटर ने साझा किए अपने अनुभव
एक वोटर ने मीडिया से बात करते हुए अपने अनुभवों को साझा किया। उन्होंने कहा, "यह बिल्कुल वैसा ही है जैसा मेरे बचपन में था। 15 साल पहले हमें वोट डालने से डर लगता था, लेकिन अब नहीं। 15 साल पहले तो हमें बूथ तक आने की भी इजाजत नहीं थी, गुंडे हमें गेट पर ही रोक देते थे। आज मैं बहुत खुश हूँ।" इसी बीच, ये भी खबरें सामने आ रही हैं कि इस सीट पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पूर्व प्रत्याशी जहांगीर खान अंडरग्राउंड हो गए हैं। 19 मई को जहांगीर खान ने ये घोषणा की थी कि उन्होंने अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली है।
TMC सांसद सायोनी घोष की प्रतिक्रिया
हालांकि इस पर TMC सांसद सायोनी घोष ने कहा, "मुझे लगता है कि यह जहांगीर का अपना फैसला है और पार्टी ने भी अपना रूख साफ कर दिया है कि इस बारे में पार्टी से कोई कंसल्टेशन नहीं हुआ था। हो सकता है उन्हें लगा हो कि वे सुरक्षित महसूस नहीं कर रहे हैं और उन पर काफी खतरा था, जिसके लिए वे कोर्ट भी गए थे और कहा था कि उन्हें प्रोटेक्शन की जरूरत है। अगर यह चुनाव होता भी, तो भी यह फ्री एंड फेयर नहीं होता। मेरा मानना है कि इन सब बातों पर विचार करने के बाद उन्होंने व्यक्तिगत तौर पर यह फैसला लिया।"
भाजपा, CPI-M और कांग्रेस के प्रत्याशियों में मुकाबला
जहांगीर का नाम वापस लेने के बाद अब फलता में तीन प्रत्याशियों के बीच मुकाबला हैं। इनमें भारतीय जनता पार्टी (BJP) के देबांशु पांडा, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया-मार्क्सिस्ट (CPI-M) के शंभू कुर्मी और कांग्रेस के अब्दुर रज्जाक मोल्ला शामिल हैं। इस चुनाव के नतीजे 24 मई को घोषित होंगे।