देवास जिले के टोंककलां में एक पटाखा फैक्ट्री में हुआ विस्फोट, 8-10 लोगों की मौत, 25 लोग घायल

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने X पर बताया, "मैंने जिले के प्रभारी एवं उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा जी, गृह सचिव और वरिष्ठ अधिकारियों को घटना स्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए हैं। घटना की जांच के आदेश भी दिए हैं।"

देवास जिले के टोंककलां में एक पटाखा फैक्ट्री में हुआ विस्फोट, 8-10 लोगों की मौत, 25 लोग घायल

जानकारी मिलते ही स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा और स्थिति को काबू में किया गया।

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Highlights

  • चश्मदीदों के मुताबिक, ये धमाका इतना भीषण था की शरीर के अंग 20-25 फीट दूर तक बिखरे हुए मिले।
  • मुख्यमंत्री द्वारा मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रूपए की सहायता राशि प्रदान करने के निर्देश दिए गए है।
  • विपक्ष के नेता द्वारा दोषी फैक्ट्री संचालकों, जिम्मेदार अधिकारियों और संरक्षण देने वालों पर कार्रवाई की मांग की गई है।

मध्य प्रदेश के देवास जिले से एक बुरी खबर सामने आई है। यहां गुरूवार, 14 मई को सुबह 11-12 बजे के बीच टोंककलां इलाके में एक पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट हुआ। इस हादसे में अब तक 8 से 10 लोगों की मौत की खबर सामने आई है। इनकी पहचान सुमित, सनी और धीरज के रूप में हुई है। जानकारी के मुताबिक, इस धमाके में करीब 25 लोग घायल भी हुए हैं। इनमें 13 लोग गंभीर रूप से घायल हो चुके हैं, जिन्हें और बेहतर उपचार के लिए अलग-अलग अस्पतालों में रेफर किया गया है।

इतना ही नहीं, 3 महिलाएं अब भी गायब बताई जा रही हैं। रिपोर्ट्स की मानें तो, त्वरित कार्रवाई करते हुए फैक्ट्री मालिक को हिरासत में भी ले लिया गया है। चश्मदीदों के मुताबिक, ये धमाका इतना भीषण था कि शरीर के अंग 20-25 फीट दूर तक बिखरे हुए मिले। कई मजदूर बुरी तरह से झुलस भी गए हैं। जानकारी मिलते ही स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा और स्थिति को काबू में किया गया। घटनास्थल पर काफी प्रेशर के साथ पानी का छिड़काव भी किया गया और 8 से 10 फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भी तैनात की गई

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी घटना पर शोक प्रकट करते हुए X पर लिखा, "देवास जिले के टोंककला में पटाखा फैक्ट्री में हुए विस्फोट में कई लोगों के हताहत होने का समाचार हृदय विदारक है। मैंने जिले के प्रभारी एवं उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा जी, गृह सचिव और वरिष्ठ अधिकारियों को घटना स्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए हैं। घटना की जांच के आदेश भी दिए हैं। मृतकों के परिजनों को राज्य शासन की ओर से 4-4 लाख रूपए की आर्थिक सहायता राशि प्रदान करने एवं घायलों का निःशुल्क इलाज करने के लिये निर्देश दिये हैं। बाबा महाकाल से दिवंगतों की शांति, शोकाकुल परिजनों को दुःख सहन करने की शक्ति तथा दुर्घटना में घायलों को त्वरित स्वास्थ्य लाभ प्रदान करने की प्रार्थना करता हूं।"

विधानसभा में विपक्ष के नेता उमंग सिंघार ने इस घटना को लेकर X पर लिखा, "देवास की पटाखा फैक्ट्री में हुआ भीषण विस्फोट सिर्फ एक हादसा नहीं, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही और भ्रष्ट सिस्टम की भयावह सच्चाई है। मजदूरों की दर्दनाक मौत, कई लोग गंभीर रूप से घायल, महिलाओं के लापता होने की खबरें और शवों के टुकड़े 20-25 फीट दूर तक बिखर जाना। यह दृश्य बेहद विचलित करने वाला है। ग्रामीण लगातार आरोप लगा रहे हैं कि फैक्ट्री अवैध रूप से संचालित हो रही थी और शिकायतों के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। आखिर किसके संरक्षण में मौत का यह कारोबार चल रहा था? गरीब मजदूर 250-400 रूपए की दिहाड़ी के लिए अपनी जान जोखिम में डालें और सत्ता-प्रशासन आंखें बंद करके बैठा रहे, यह बेहद शर्मनाक और अमानवीय है।"

उन्होंने आगे लिखा, "मुख्यमंत्री जी, सिर्फ जांच और मुआवजे की घोषणा से जिम्मेदारी खत्म नहीं होगी। दोषी फैक्ट्री संचालकों, जिम्मेदार अधिकारियों और संरक्षण देने वालों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। इस दु:खद हादसे में जान गंवाने वाले श्रमिक भाइयों के परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करे।"

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