आज कैबिनेट ब्रीफिंग में लिए गए 4 बड़े निर्णय, कोल गैसीफिकेशन को मिली मंजूरी

कोल गैसीफिकेशन की प्रक्रिया में, कोल को पीसा जाता है, तैयार किया जाता है और फिर एक भट्टी के अंदर बहुत अधिक तापमान और दबाव पर गर्म किया जाता है। यहाँ यह जलने के बजाय 'सिंथेसिस गैस' या 'सिन्गैस' में बदल जाता है। यह सिन्गैस, जो मुख्य रूप से कार्बन मोनोऑक्साइड और हाइड्रोजन से बनी होती है, का इस्तेमाल प्राकृतिक गैस की तरह किया जा सकता है, और यह बिजली बनाने के साथ-साथ LPG के बराबर का फ्यूल बनाने में भी मददगार हो सकती है।”

आज कैबिनेट ब्रीफिंग में लिए गए 4 बड़े निर्णय, कोल गैसीफिकेशन को मिली मंजूरी

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज ब्रीफिंग में उपस्थित लोगों से जानकारी की साझा।

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Highlights

  • कैबिनेट द्वारा अहमदाबाद (सरखेज) - धोलेरा सेमी हाई-स्पीड डबल लाइन प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल चुकी है।
  • डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर इंटरनेशनल एयरपोर्ट को PPP द्वारा अपग्रेड और मॉडर्नाइजेशन की मंजूरी दे दी गई है।
  • कैबिनेट ने 2026-27 के लिए 14 खरीफ फसलों के लिए मिनिमम सपोर्ट प्राइस (MSP) में बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है।

भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आज, 13 मई को कैबिनेट कमेटी ऑन इकोनॉमिक अफेयर्स​ (CCEA) की बैठक हुई। इसके बाद केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा कैबिनेट ब्रीफिंग भी की गई। केंद्रीय मंत्री वैष्णव ने बताया कि, "कैबिनेट ने चार बड़े फैसले लिए हैं। पहला, खरीफ फसलों के लिए MSP को लेकर एक निर्णय लिया गया है, जिसके जरिए लगभग 2 लाख 60 हजार करोड़ रूपए सीधे किसानों तक पहुँचेंगे। दूसरा, मौजूदा जियो-पॉलिटिकल से हर कोई वाकिफ है। ऐसे हालात में, आत्मनिर्भर बनने के लिए, कोल गैसीफिकेशन पर एक बड़ा फैसला लिया गया है। तीसरा, धोलेरा में एक बड़ा इंडस्ट्रियल हब विकसित किया जा रहा है, जहाँ भारत का पहला सेमीकंडक्टर प्लांट भी लगाया जा रहा है। चौथा, नागपुर हवाई अड्डे को एक अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के तौर पर अपग्रेड करने का निर्णय लिया गया है।"

कैबिनेट ने आज अहमदाबाद (सरखेज) - धोलेरा सेमी हाई-स्पीड डबल लाइन प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी है, जिससे भारतीय रेलवे का मौजूदा नेटवर्क लगभग 134 किलोमीटर बढ़ जाएगा। इस प्रोजेक्ट की कुल अनुमानित लागत लगभग 20,667 करोड़ रूपए है और यह 2030-31 तक पूरा हो जाएगा। यह भारतीय रेलवे का पहला सेमी हाई-स्पीड प्रोजेक्ट होगा, जिसे पूरी तरह से स्वदेशी तकनीक का इस्तेमाल करके बनाया जाएगा। यह प्रोजेक्ट सेक्शन अहमदाबाद, धोलेरा SIR, अंडर कंस्ट्रक्शन धोलेरा एयरपोर्ट और लोथल नेशनल मैरीटाइम हेरिटेज कॉम्प्लेक्स (NHMC) के बीच तेज कनेक्टिविटी देगा। अहमदाबाद को धोलेरा से जोड़ने से यात्रियों के यात्रा का समय कम हो जाएगा।

कैबिनेट ने आज नागपुर स्थित डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर इंटरनेशनल एयरपोर्ट को पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) द्वारा अपग्रेड और मॉडर्नाइजेशन की मंजूरी दे दी गई है। इस प्रोजेक्ट में लॉन्ग टर्म ऑपरेशन और मेंटेनेंस अरेंजमेंट, लीज और लैंड एग्रीमेंट का एक्सटेंशन और कई इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड शामिल हैं।

कैबिनेट ने आज कोल गैसीफिकेशन को भी मंजूरी दे दी है। प्रेस ब्रीफिंग के दौरान अश्विनी वैष्णव ने जानकारी देते हुए कहा, "चूँकि भारत के पास लगभग 200 सालों तक के लिए पर्याप्त कोयला भंडार मौजूद है, इसलिए हम कोयले से गैस बनाने पर काम कर रहे हैं। कोल गैसीफिकेशन की प्रक्रिया में, कोल को पीसा जाता है, तैयार किया जाता है और फिर एक भट्टी के अंदर बहुत अधिक तापमान और दबाव पर गर्म किया जाता है। यहाँ यह जलने के बजाय 'सिंथेसिस गैस' या 'सिन्गैस' में बदल जाता है। यह सिन्गैस, जो मुख्य रूप से कार्बन मोनोऑक्साइड और हाइड्रोजन से बनी होती है, का इस्तेमाल प्राकृतिक गैस की तरह किया जा सकता है, और यह बिजली बनाने के साथ-साथ LPG के बराबर का फ्यूल बनाने में भी मददगार हो सकती है।”

उन्होंने आगे बताया, "कोल गैसीफिकेशन के जरिए, हम कोल से बनी गैस का इस्तेमाल करके खाद, बिजली, पेट्रोकेमिकल बाय-प्रोडक्ट्स और कई तरह के केमिकल्स बना सकते हैं। भारत को और ज्यादा आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में यह एक बड़ा कदम है, खासकर इसलिए क्योंकि हमारे पास लगभग 400 अरब टन कोयले का भंडार है, जबकि हमारी सालाना खपत सिर्फ 1 अरब टन के आस-पास है।"

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में कैबिनेट ने 2026-27 के लिए 14 खरीफ फसलों के लिए मिनिमम सपोर्ट प्राइस (MSP) में बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। सरकार ने किसानों को उनकी उपज के लिए सही दाम दिलाने के लिए 2026-27 के लिए खरीफ फसलों का MSP बढ़ा दिया है। पिछले साल के मुकाबले MSP में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी सूरजमुखी के बीज (622 रूपए प्रति क्विंटल) के लिए की गई है, इसके बाद कपास (557 रूपए प्रति क्विंटल), काला तिल (515 रूपए प्रति क्विंटल) और तिल (500 रूपए प्रति क्विंटल) के लिए है।

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