भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय मुख्यालय प्रभारी और राज्यसभा सांसद तरुण चुघ ने आज एक प्रेस वार्ता को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कानून-व्यवस्था और अन्य मोर्चों पर पंजाब के बिगड़ते हालातों का हवाला देते हुए आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर निशाना साधा। तरुण चुघ ने कहा कि पंजाब में कानून व्यवस्था की स्थिति बहुत ही खराब दौर से गुजर रही है। मुख्यमंत्री भगवंत मान, जिनके पास गृह विभाग भी है, उन्हें राज्य की कोई चिंता नहीं है। 23 पुलिस थानों पर ग्रेनेड से हमले किए गए हैं और पंजाब पुलिस मुख्यालय को भी रॉकेट लॉन्चर से निशाना बनाया गया है।
पंजाब पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने कर्मियों को निर्देश दिए हैं कि वे वर्दी पहनकर घर न जाएं। असल में, आम नागरिकों के लिए सुरक्षा के जो प्रतीक हैं, पुलिस की वर्दी और पुलिस थाने, वे खुद ही खौफ के साये में हैं। पंजाब सरकार ने मानो माफिया के सामने घुटने टेक दिए हैं। आज पंजाब पूरी तरह से ड्रग माफिया के कब्जे में है। हर गली, हर मोहल्ले और हर गांव में नशीले पदार्थ बेचे जा रहे हैं। मुख्यमंत्री मान के नेतृत्व वाला प्रशासन और सरकार इसे रोकने या इसकी सप्लाई चेन को तोड़ने में पूरी तरह नाकाम रही है।
आए दिन हत्याएं हो रही हैं और ऊपर से जबरन वसूली (रंगदारी) का भी बड़ा मसला है। लोगों पर हमले हो रहे हैं और वे डर के मारे रंगदारी देने को मजबूर हैं। कुल मिलाकर, राज्य में पुलिस व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। कभी बेहद बहादुर रही पंजाब पुलिस, AAP के पदाधिकारियों, विधायकों और मंत्रियों के दबाव के कारण पंगु हो गई है। अपराधी बेखौफ होकर अपनी गतिविधियां चला रहे हैं और नशीले पदार्थों की खुलेआम बिक्री हो रही है। आज पंजाब भारत की 'क्राइम कैपिटल' बन गया है।
इससे पहले पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कानून व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह ठीक है। AAP चुनाव लड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है, जबकि विपक्ष के पास कोई तैयारी, एजेंडा या मुद्दे नहीं हैं। हमारे राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पांच गारंटी दी थीं और हमने उन पांचों को पूरा कर दिया है।