लखनऊ में नौसेना शौर्य वाटिका का हुआ उद्घाटन, रक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री सहित कई प्रमुख नेता रहे उपस्थित

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना की भूमिका का भी उल्लेख किया उन्होंने कहा, "हमारी तीनों सशस्त्र सेनाओं ने मिलकर 'ऑपरेशन सिंदूर' को अंजाम दिया। हमारी सेनाओं ने सटीक हमले किए और पाकिस्तान में मौजूद आतंकवादी ढाँचे को पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया। थल सेना और वायु सेना ने अपनी-अपनी भूमिका निभाई, लेकिन नौसेना द्वारा निभाई गई भूमिका भी अत्यंत महत्वपूर्ण थी। साथियों, हमारी नौसेना अरब सागर में पूरी ताकत, पूरी शक्ति और पूरी तैयारी के साथ मौजूद थी।"

लखनऊ में नौसेना शौर्य वाटिका का हुआ उद्घाटन, रक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री सहित कई प्रमुख नेता रहे उपस्थित

इस वाटिका को 19 करोड़ रूपए की लागत से बनाया गया है।

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Highlights

  • इस वाटिका का मुख्य आकर्षण INS गोमती है, जिसने करीब 1988 से 2022 तक नौसेना की सेवा की थी।
  • यहां पर AK-726 मीडियम रेंज गन और CET-53M टॉरपीडो लॉन्चर सिस्टम जैसे कई सिस्टम्स प्रदर्शित किए गए है।
  • रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के अनुसार आने वाले समय में नौसेना शौर्य वाटिका शहर के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बनेगी।

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आज नौसेना शौर्य वाटिका का लोकार्पण किया गया। भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इसका उद्घाटन किया। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं बृजेश पाठक और CNS एडमिरल दिनेश कुमार त्रिपाठी समेत कई अन्य लोग भी उपस्थित थे।

ये वाटिका भारतीय नौसेना के जवानों के साहस, सेवा और बलिदान को समर्पित है और इसे करीब 19 करोड़ रूपए की लागत से बनाया गया है। इस वाटिका का मुख्य आकर्षण INS गोमती है, जिसने करीब 1988 से करीब 34 वर्षों तक राष्ट्र और नौसेना की सेवा की थी। 2022 में इसे रिटायर कर दिया गया था। अब इसे भारत की समुद्री शक्ति के प्रतीक के रूप में वाटिका में स्थापित कर दिया गया है।

यहां पर AK-726 मीडियम रेंज गन, CET-53M टॉरपीडो लॉन्चर सिस्टम, ZIF-101 लॉन्चर जैसे कई सिस्टम्स और संरचनाएं भी प्रदर्शित की गई हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कार्यक्रम को संबोधित भी किया। इस वाटिका के बारे में बताते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यहां आने वाले लोगों को भारतीय नौसेना के कामकाज के बारे में जानकारी मिलेगी। आपको उन विषम परिस्थितियों के बारे में भी पता चलेगा, जिनमें हमारे सैनिक काम करते हैं। यह लोगों को जीवन की चुनौतियों से जूझने के लिए एक नई प्रेरणा भी होगी।

INS गोमती का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि इसने समुद्री सुरक्षा को सुदृढ़ करते हुए लंबे समय तक भारतीय नौसेना में सेवा दी। वर्ष 2022 में इसे नौसेना से निवृत्त कर दिया गया और अब इसे गोमती नदी के तट पर स्थापित किया गया है, जो लखनऊ की जीवनदायिनी है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि जब हम सुरक्षा के मोर्चे पर मज़बूत होंगे, तभी दुनिया हमसे मैत्री करेगी। अगर आप कमजोर होंगे, तो कोई भी आपके सामने नहीं झुकेगा। हमारी ऋषि परंपरा ने भी हमें इसी मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी है उन्होंने पहले के समय की याद दिलाते हुए कहा कि 2017 से पहले यह वही उत्तर प्रदेश था जहां रोज कर्फ्यू लगते थे। माफिया और अपराधियों ने लोगों का जीना हराम कर दिया था। उस खौफ भरे माहौल में निवेश और विकास की संभावनाएँ शून्य थीं।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी इस अवसर पर कहा कि आने वाले समय में, नौसेना शौर्य वाटिका शहर के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बनेगी। वास्तव में, यह एक टूरिस्ट हब और लखनऊ की पहचान बनेगा। तहजीब और संस्कृति का शहर होने के साथ-साथ, लखनऊ अब राष्ट्रभक्ति और सैन्य गौरव का प्रतीक भी बन रहा है। आज उत्तर प्रदेश विकास के रास्ते पर तेजी से आगे बढ़ रहा है।

राजनाथ सिंह ने उत्तर प्रदेश के इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश की हालत एक समय ऐसी थी कि इसे वन डिस्ट्रिक्ट, वन माफिया के लिए जाना जाता था। लेकिन आज, उत्तर प्रदेश को वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट के लिए जाना जाता है। यह बदलाव उत्तर प्रदेश के लोकप्रिय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मजबूत नेतृत्व के कारण संभव हुआ है। जिस तरह से उन्होंने राज्य में कानून-व्यवस्था को संभाला है, मेरा मानना ​​है कि वे अपने आप में एक मिसाल हैं।

उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना की भूमिका का भी उल्लेख किया उन्होंने कहा, "हमारी तीनों सशस्त्र सेनाओं ने मिलकर 'ऑपरेशन सिंदूर' को अंजाम दिया। हमारी सेनाओं ने सटीक हमले किए और पाकिस्तान में मौजूद आतंकवादी ढाँचे को पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया। थल सेना और वायु सेना ने अपनी-अपनी भूमिका निभाई, लेकिन नौसेना द्वारा निभाई गई भूमिका भी अत्यंत महत्वपूर्ण थी। साथियों, हमारी नौसेना अरब सागर में पूरी ताकत, पूरी शक्ति और पूरी तैयारी के साथ मौजूद थी।"

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