लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव इस समय भारतीय राजनीति के केंद्र में है। संसद के बजट सत्र का दूसरा हिस्सा आज यानी 9 मार्च को शुरू हुआ और पहले ही दिन सदन में काफी गहमागहमी देखने को मिली। यह सब तब शुरू हुआ जब विपक्ष ने आरोप लगाया कि लोकसभा स्पीकर सदन चलाने में निष्पक्ष नहीं रहे हैं। विपक्षी दलों का कहना है कि उन्हें संसद में अपनी बात रखने का पूरा मौका नहीं दिया जा रहा है। खासकर विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कुछ विपक्षी सांसदों के निलंबन को लेकर विवाद काफी गहरा गया है। बजट सत्र के पहले हिस्से में विपक्ष ने नियम 94 (C) के तहत लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को पद से हटाने का नोटिस जारी किया है, जिस पर 118–119 सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं।
दिलचस्प बात यह है कि जब खुद लोकसभा स्पीकर के खिलाफ ऐसा प्रस्ताव आता है, तो वे उस समय सदन की अध्यक्षता नहीं कर सकते। इसलिए आज ओम बिरला सदन की कार्रवाई के दौरान स्पीकर की कुर्सी पर नहीं बैठे, बल्कि एक सामान्य सदस्य की तरह सदन में मौजूद रहे। उनकी जगह सदन के पीठासीन अधिकारी जगदंबिका पाल ने कार्रवाई का संचालन किया। विपक्ष का आरोप है कि स्पीकर सत्ता पक्ष का साथ दे रहे हैं और विपक्ष की आवाज को दबाया जा रहा है। हालांकि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ओम बिरला का पूरा-पूरा समर्थन किया है। उन्होंने ओम बिरला को एक शानदार सांसद और बेहतरीन लोकसभा अध्यक्ष बताते हुए कहा कि वे सदन की अध्यक्षता करते समय पार्टी लाइनों से ऊपर उठकर सभी को साथ लेकर चलते हैं।
कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के शिलान्यास समारोह के दौरान उन्होंने वर्चुअली अपने संबोधन में कहा, “ओम बिरला जी जितने शानदार सांसद हैं, उतने ही बेहतरीन लोकसभा अध्यक्ष भी हैं। यह शिक्षा की नगरी से आने का ही प्रभाव है कि वे सदन में एक अच्छे मुखिया की तरह सबको साथ लेकर चलते हैं। वे पक्ष-विपक्ष से ऊपर उठकर सभी सांसदों के प्रति अत्यधिक सम्मान का भाव रखते हैं। वे संविधान को पूरी तरह समर्पित हैं और संसदीय प्रणालियों के प्रति पूरी तरह निष्ठा रखते हैं।” प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि कभी-कभी कुछ बड़े घरानों के अहंकारी, उत्पाती छात्र आ भी जाते हैं, तो भी वे सदन के मुखिया की तरह सबको संभालते हैं। वे किसी को भी अपमानित नहीं करते, सबके कड़वे बोल भी वे झेल लेते हैं।" ताजा जानकारी के मुताबिक, लोकसभा की कार्यवाही को कल यानी 10 मार्च को सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।