राजस्थान में स्थानीय निकायों के चुनाव पहले और दूसरे चरण में पूरे हो गए हैं। जहाँ पहले चरण में मतदान प्रतिशत 76.41% बताया गया, वहीं दूसरे चरण में यह 71.69 % रहा। कुल मिलाकर, दोनों चरणों का संयुक्त मतदान प्रतिशत 74.05% है। मतदान के पश्चात कुछ स्थानों पर परिणाम भी सामने आए हैं। बात करें राजस्थान के उदयपुर नगर निगम की, तो यहां पर BJP ने स्पष्ट बहुमत हासिल कर लिया है। जानकारी के मुताबिक, पार्टी ने 80 में से 53 वार्ड जीते हैं, जबकि कांग्रेस ने 23 वार्ड जीते हैं। इनके अलावा, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया-मार्क्सिस्ट (CPI-M) ने 1 वार्ड और निर्दलीय उम्मीदवारों ने 3 वार्ड जीते हैं।
हालांकि अजमेर नगर निगम से कांग्रेस के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। पार्टी ने 80 में से 37 वार्ड में जीत हासिल की, जबकि BJP ने 32 वार्ड में जीत दर्ज की। 11 वार्ड में निर्दलीय उम्मीदवार विजयी रहे। दूसरी ओर, जोधपुर नगर निगम में दोनों प्रमुख दलों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली है, जहां BJP और कांग्रेस दोनों ने ही 44-44 वार्डों पर कब्जा किया है। 11 सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों की जीत हुई है। वहीं एक सीट राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के खाते में गई है। जोधपुर में 100 में से 99 वार्ड के नतीजे घोषित कर दिए गए हैं। जानकारी के मुताबिक, EVM में तकनीकी खराबी के कारण वार्ड नंबर 50 के बूथ नंबर 338 पर दोबारा मतदान होगा।
इसी तरह जयपुर नगर निगम में भाजपा ने मजबूत प्रदर्शन करते हुए 78 वार्ड पर अपनी जीत पक्की की, जबकि कांग्रेस को 53 और निर्दलीयों को 15 सीटें मिलीं। यहां 150 में से 146 वार्ड के नतीजे घोषित किए जा चुके हैं। वार्ड 9 के बूथ नंबर 111, वार्ड 18 के बूथ नंबर 235, वार्ड 25 के बूथ नंबर 343 और वार्ड 34 के बूथ नंबर 477 और 484 पर रीपोलिंग होगी। बीकानेर नगर निगम में भी कांग्रेस का पलड़ा भारी रहा, जहां पार्टी ने 80 में से 42 वार्ड जीते, जबकि भाजपा को केवल 27 सीटों से संतोष करना पड़ा। 10 सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों की जीत हुई है। एक सीट RLP के खाते में गई है।
भरतपुर नगर निगम में एक अलग ही नजारा देखने को मिला, जहाँ निर्दलीय उम्मीदवारों ने सबसे ज्यादा 36 वार्ड में जीत हासिल की। BJP 20 वार्ड जीतकर दूसरे नंबर पर रही, जबकि कांग्रेस को 7 सीटें मिलीं। वहीं, राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) और बहुजन समाज पार्टी (BSP) को एक-एक सीट से ही संतोष करना पड़ा। खास बात यह है कि भरतपुर मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा का गृह जिला भी है। BJP ने अलवर में भी अच्छा प्रदर्शन किया, जहां BJP को 28 वार्ड, कांग्रेस को 23 वार्ड और निर्दलीय उम्मीदवारों को 13 वार्ड मिले हैं। एक सीट BSP के खाते में गई। भीलवाड़ा में भी BJP का प्रदर्शन काफी उत्कृष्ट रहा, जहां पार्टी ने 45 वार्ड में जीत हासिल की। वहीं इंडिपेंडेंट कैंडिडेट्स को 15 और कांग्रेस को 10 वार्ड प्राप्त हुए।
पाली नगर निगम में कांग्रेस 29 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनी है। दूसरी ओर, BJP ने 21 वार्ड जीते और निर्दलीय उम्मीदवारों को 15 सीटें मिलीं। अंत में कोटा नगर निगम की बात करें तो BJP ने यहां 55 वार्ड जीते हैं, जबकि कांग्रेस ने 38 वार्ड हासिल किए हैं। वहीं, निर्दलीय प्रत्याशियों ने 4 वार्ड जीते हैं। कोटा के 100 में से 97 वार्ड के नतीजे आ गए हैं। यहां भी वार्ड 87 के बूथ 99, वार्ड 44 के बूथ 448 और वार्ड 11 के बूथ 576 पर दोबारा मतदान होगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजस्थान के लोगों को धन्यवाद देते हुए X पर लिखा, "राजस्थान के नगर निकाय चुनाव में भाजपा को प्रचंड जीत दिलाने के लिए जनता-जनार्दन का हृदय से आभार। यह झूठ की गूंज के सामने सत्य की विजय का प्रमाण है। यहां के मेरे परिवारजनों के इस जनादेश से एक बार फिर साफ हो गया है कि डबल इंजन सरकार की सुशासन एवं विकास की नीतियों को उनका पूरा समर्थन है। इससे राज्य को प्रगति की नई ऊंचाइयों पर ले जाने के साथ ही जन-जन के जीवन में खुशहाली लाने का हमारा संकल्प भी और सशक्त होगा। इस अवसर पर सभी विजयी प्रत्याशियों के साथ ही पार्टी के समर्पित और परिश्रमी कार्यकर्ताओं को मेरी बहुत-बहुत बधाई!"
वहीं राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने लिखा, "राजस्थान नगर निकाय चुनाव में भारतीय जनता पार्टी पर अपना अटूट विश्वास प्रकट करने के लिए प्रदेश की देवतुल्य जनता का कोटिशः आभार! जनता-जनार्दन के आशीर्वाद से मिली यह विजय ‘विकसित राजस्थान’ के हमारे साझा संकल्प पर जनता की विजय मुहर है। यह जीत आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र जी के मार्गदर्शन में प्रदेश में डबल इंजन सरकार द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों, सुशासन और जनकल्याण के प्रयासों तथा प्रत्येक शहर को आधुनिक, सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाने के हमारे संकल्प में जनता के अटूट विश्वास की अभिव्यक्ति है।"
उन्होंने आगे कहा, "इस जनादेश के लिए हमारे समर्पित कार्यकर्ताओं को साधुवाद! उनका अथक परिश्रम और जनता का अटूट भरोसा हमें जनसेवा के प्रति और अधिक समर्पण के साथ कार्य करने की प्रेरणा देता है। प्रदेश के प्रत्येक शहर और कस्बे को स्वच्छ, सुरक्षित, समृद्ध और आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित बनाने की दिशा में हमारी सरकार निरंतर कार्य करती रहेगी।"
राज्य चुनाव आयोग ने राज्य भर के 305 शहरी स्थानीय निकायों में चेयरपर्सन के चुनाव के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है। पहले से घोषित कार्यक्रम के अनुसार, इन निकायों में वोटिंग 21 और 22 सितंबर को होगी। हालांकि, तकनीकी कारणों से जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों के साथ-साथ सुकेत नगर पालिका के चेयरपर्सन पद के चुनाव फिलहाल टाल दिए गए हैं।
आयोग के अनुसार, इन चार निकायों के कुल 10 पोलिंग स्टेशनों पर 16 सितंबर को दोबारा वोटिंग कराई जाएगी और वोटों की गिनती 17 सितंबर को होगी। इन इलाकों में चेयरपर्सन पद के चुनाव के लिए नोटिफिकेशन पुनर्मतदान के नतीजे घोषित होने के बाद जारी किया जाएगा।